Family Values
नीक परिवार वाली
— राम बहादुर अधीर पिण्डवी
गोरिया नीक लागे छपरा बिहार वाली। बोले भोजपुरी बोलिया पियार वाली ।।
सासु जी के उठि सुति छूवे चरनिया। अपनी सुहाग के भरम राखे धनिया ।।
होखे गुन ढंग नीमन विचार वाली, बोले भोजपुरी बोलिया पियार वाली ।।........
ननदी देवर के कहे बाबू बबुनिया। घुंघटा की ओट से चउकठ धरे पनिया ।।
केहू देखेना टिकुली लिलार वाली, बोले भोजपुरी बोलिया पियार वाली ।।......
छोट-बड़ सबके रउवां कहि के बोलावे। कतहूं से अइला पर बेनिया डोलावे ।।
होखे ऊँच कुल, नीक परिवार वाली, बोले भोजपुरी बोलिया पियार वाली ।।........
रहिया चलत बाजे पाँव पयजनियां। ओठवा हिलत डोले नाक के झुलनियां ।।
शोभे नैना में कजरा कटार वाली, बोले भोजपुरी बोलिया पियार वाली ।।.....
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जीवन परिचय
नाम : राम बहादुर 'अधीर पिण्डवी' पिता : (स्व०) श्री बसन्त पिण्डवी
दुलार के करी
हमरी माई अइसन हनके दुलार के करी। बिना स्वारथ के माई जइसन प्यार के करी ।। दुर्गा-देवी केतना देवता मनवली। तब जाके गोदिया में हमरा के पवली ।।
सगे भाई की तरे
सबकी दुख सुख में रहीं सगे भाई की तरे। तबो अरिया चलावे लोग कसाई की तरे ।। धरती की लोगवा के सुख पहुँचाईं। देके दवाई सबके रोगवा भगाईं ।।